हाथरस के डी.आर.बी. इंटर कॉलेज में सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत विभिन्न रचनात्मक एवं ज्ञानवर्धक प्रतियोगिताओं का भव्य आयोजन किया गया। कार्यक्रम में छात्र-छात्राओं ने बढ़-चढ़कर प्रतिभाग किया और अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिवस के उपलक्ष्य में आयोजित सेवा संकल्प अभियान के तहत 18 सितंबर को डी.आर.बी. इंटर कॉलेज, हाथरस में चित्रकला, निबंध और भाषण प्रतियोगिताओं के साथ पुरस्कार वितरण समारोह आयोजित हुआ।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि भारतीय जनता पार्टी के पूर्व जिला अध्यक्ष गौरव आर्य रहे। विद्यालय परिवार ने उनका स्वागत एवं सम्मान किया। मुख्य अतिथि ने विभिन्न प्रतियोगिताओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले छात्र-छात्राओं को पुरस्कार और प्रमाण-पत्र देकर उनका उत्साहवर्धन किया।
इस दौरान गौरव आर्य ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि आज के विद्यार्थी ही आने वाले भारत की दिशा और दशा निर्धारित करेंगे। उन्होंने विद्यार्थियों से लक्ष्य निर्धारित कर अनुशासन और पूरी निष्ठा के साथ पढ़ाई करने का आह्वान किया।
उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों की मेहनत और शिक्षा विकसित भारत के संकल्प की मजबूत नींव है। देश को आगे बढ़ाने में युवाओं और विद्यार्थियों की भूमिका महत्वपूर्ण है।
चित्रकला प्रतियोगिता में कक्षा 8-B की प्रिया ने प्रथम, कक्षा 5 की राधिका ने द्वितीय और कक्षा 7 की कनक ने तृतीय स्थान हासिल किया।
निबंध प्रतियोगिता में कक्षा 9-D के आकाश कुमार प्रथम, कक्षा 10-C की नंदिनी द्वितीय और कक्षा 10-C के आयुष तृतीय स्थान पर रहे।
वहीं भाषण प्रतियोगिता में कक्षा 10-C की कनिष्का वर्मा ने प्रथम, कक्षा 10-B की सोनम ने द्वितीय और तरलोक वार्ष्णेय ने तृतीय स्थान प्राप्त किया।
प्रतियोगिताओं में विद्यार्थियों की उत्साहपूर्ण भागीदारी ने कार्यक्रम को खास बना दिया। पुरस्कार पाने वाले विद्यार्थियों में उत्साह और आत्मविश्वास देखने को मिला, जबकि अन्य विद्यार्थियों को भी बेहतर प्रदर्शन करने की प्रेरणा मिली।
कार्यक्रम का संचालन अजय कुमार गौड़ ने किया। आयोजन को सफल बनाने में विद्यालय के शिक्षकों और कर्मचारियों का महत्वपूर्ण योगदान रहा।
कार्यक्रम के अंत में विद्यालय के प्रधानाचार्य संजय कुमार मौर्य ने अतिथियों, शिक्षकों और सहयोगियों का आभार जताया। साथ ही विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना की। आयोजन के माध्यम से विद्यार्थियों में रचनात्मकता, आत्मविश्वास, अनुशासन और राष्ट्र निर्माण के प्रति जिम्मेदारी की भावना को प्रोत्साहित किया गया।










