हाथरस जिले के सिकंदराराऊ क्षेत्र के गांव शाहपुर गंगरी में एक किसान ने पारंपरिक खेती छोड़कर ऐसी फसल अपनाई, जिसने उनकी किस्मत ही बदल दी। यहां कृषि विभाग से सेवानिवृत्त हुए जेई रामवीर सिंह ने ड्रैगन फ्रूट की खेती शुरू की और आज उनकी बागवानी किसानों के लिए मिसाल बन गई है।
खास बात यह है कि उनके खेतों में उगाया गया ड्रैगन फ्रूट सिर्फ स्थानीय बाजार तक ही सीमित नहीं है, बल्कि इसकी सप्लाई खाड़ी देशों जैसे सऊदी अरब और दुबई तक हो रही है। बाजार में इसकी कीमत अच्छी मिलने से किसानों को जबरदस्त मुनाफा मिल रहा है।
ड्रैगन फ्रूट की खेती की सबसे बड़ी खासियत यह है कि इसमें पानी की जरूरत कम होती है और एक बार पौधा लगाने के बाद कई सालों तक फल देता रहता है। यही वजह है कि अब इलाके के अन्य किसान भी इस खेती की ओर तेजी से आकर्षित हो रहे हैं।
कृषि विशेषज्ञों का कहना है कि अगर किसान पारंपरिक फसलों के साथ-साथ ऐसी नकदी फसलों को अपनाएं तो उनकी आय में कई गुना बढ़ोतरी हो सकती है। शाहपुर गंगरी के रामवीर सिंह ने यह साबित कर दिया है कि नई सोच और नई खेती किसानों को सच में मालामाल बना सकती है।









