अज्ञात महिला के शव का धार्मिक रीति रिवाज के साथ एसोसिएशन ऑफ डेमोक्रेटिक ह्यूमन राइट्स संस्था के द्वारा कराया गया दाह संस्कार

0
19

 

हाथरस। मानव अधिकारों के संरक्षण और संवर्धन के लिए कार्य कर रही संस्था एसोसिएशन ऑफ डेमोक्रेटिक ह्यूमन राइट्स द्वारा एक अज्ञात महिला के शव का धार्मिक रीति-रिवाज के साथ दाह संस्कार कराया गया।

दरअसल, 8 मार्च 2026 को सिकंदराराऊ कोतवाली क्षेत्र के अंतर्गत नसीरपुर बंबा अंडरपास के पास पानी में एक महिला का सड़ा-गला शव पुलिस को मिला था। महिला की उम्र लगभग 32 वर्ष बताई जा रही है। शव काफी खराब अवस्था में होने के कारण उसकी पहचान नहीं हो सकी।
पुलिस द्वारा शव को पहचान के लिए 72 घंटे तक सुरक्षित रखा गया, लेकिन जब किसी भी व्यक्ति द्वारा शव की शिनाख्त नहीं की गई तो पुलिस ने उसे लावारिस घोषित कर पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी कराई।
इसके बाद पुलिस प्रशासन ने समाजसेवी सुनीत आर्य और प्रवीन वार्ष्णेय से शव के अंतिम संस्कार के लिए सहयोग मांगा। जिसके बाद एसोसिएशन ऑफ डेमोक्रेटिक ह्यूमन राइट्स की देखरेख में समाजसेवी सुनीत आर्य के नेतृत्व में अज्ञात महिला के शव का हिंदू रीति-रिवाज से दाह संस्कार किया गया।
इस दौरान अंतिम संस्कार की व्यवस्था में एनएसएस अध्यक्ष सुनील अग्रवाल का भी पूर्ण सहयोग रहा।
अंतिम संस्कार के समय प्रवीन वार्ष्णेय (राष्ट्रीय महासचिव, एसोसिएशन ऑफ डेमोक्रेटिक ह्यूमन राइट्स), समाजसेवी सुनीत आर्य, सुनील अग्रवाल, आयोग दीपक, बंटी भाई कपड़े वाले, नीरज गोयल, तरुण राघव, कांस्टेबल दीपक चौधरी और महिला कांस्टेबल मिथिलेश कुमारी सहित कई लोग मौजूद रहे।
समाजसेवियों का कहना है कि मानवता के नाते हर व्यक्ति को सम्मानजनक अंतिम संस्कार मिलना चाहिए, और इसी उद्देश्य से संस्था लगातार ऐसे कार्य कर रही है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here