हाथरस के रति का नगला स्थित कृषि विज्ञान केंद्र में किसानों को आधुनिक और वैज्ञानिक खेती के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से समूहबद्ध अग्रिम पंक्ति प्रदर्शन एवं किसान गोष्ठी का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में क्षेत्र के 200 से अधिक किसानों ने भाग लेकर कृषि विशेषज्ञों से उन्नत खेती की जानकारी प्राप्त की।
चंद्रशेखर आजाद कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय कानपुर और अटारी कानपुर के मार्गदर्शन में आयोजित इस कार्यक्रम की अध्यक्षता केवीके प्रभारी डॉ. एस.आर. सिंह ने की। उन्होंने किसानों से प्राकृतिक एवं कार्बनिक खेती अपनाने का आह्वान करते हुए कहा कि इससे उत्पादन लागत कम होगी और भूमि की उर्वरता भी बनी रहेगी।
गोष्ठी के दौरान 50 किसानों को तिल तथा 50 किसानों को मूंगफली के उन्नत बीज वितरित किए गए। केवीके के वैज्ञानिक डॉ. बलवीर सिंह ने किसानों को मूंगफली की वैज्ञानिक खेती की तकनीकों की जानकारी दी, वहीं तिल की फसल में तेल की मात्रा और उत्पादन बढ़ाने के उपाय भी बताए।
कार्यक्रम में डॉ. हरविंदर सिंह, डॉ. आकांक्षा सिंह, डॉ. शैलजा देवी सहित अन्य वैज्ञानिकों ने किसानों की जिज्ञासाओं का समाधान किया। किसानों ने इस पहल को उपयोगी बताते हुए आधुनिक तकनीकों को अपनाने का संकल्प लिया।यह स्क्रिप्ट टीवी समाचार के लिए लगभग 50–60 सेकंड की है।










