सादाबाद क्षेत्र के सलेमपुर गांव में आयोजित श्रीमद् भागवत कथा में भक्तिमय माहौल रहा। कथावाचक परम पूज्य पूजा किशोरी ने भगवान श्रीकृष्ण और उनके बाल सखा सुदामा की मित्रता की कथा का वर्णन किया।
पूजा किशोरी ने बताया कि कैसे सुदामा की दरिद्रता के बावजूद भगवान कृष्ण ने उन्हें सम्मान दिया और उनका जीवन बदल दिया। उन्होंने जोर दिया कि सच्ची मित्रता स्वार्थ रहित होती है, जो कृष्ण-सुदामा की मित्रता का मुख्य संदेश है।
कथा के दौरान अरुण शर्मा ने मंच पर पहुंचकर भागवत आचार्य का फूल-माला पहनाकर और पटका ओढ़ाकर सम्मान किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि ऐसे धार्मिक आयोजन समाज में संस्कार, प्रेम और भाईचारे की भावना को मजबूत करते हैं।
इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में ग्रामीण श्रद्धालु उपस्थित रहे।
कथा स्थल पर दिनभर भजन-कीर्तन और जयकारों से वातावरण भक्तिमय बना रहा। आयोजन समिति ने सभी आगंतुक श्रद्धालुओं का आभार व्यक्त किया।









