सादाबाद क्षेत्र में स्मार्ट मीटर को प्री-पेड में बदलने के बाद विद्युत उपभोक्ताओं की समस्याएँ बढ़ गई हैं। सैकड़ों उपभोक्ताओं के बिजली बिल अचानक माइनस में चले गए हैं, जिससे लोगों में भ्रम और आक्रोश है। उपभोक्ताओं का कहना है कि नियमित भुगतान के बावजूद उनके खातों में माइनस राशि दिखाई जा रही है।
लोगों के अनुसार, बिना किसी पूर्व सूचना के स्मार्ट मीटर को प्री-पेड मीटर में बदला गया। इसके बाद से लगातार तकनीकी गड़बड़ियाँ सामने आ रही हैं। माइनस बिल होने के चलते विद्युत विभाग उपभोक्ताओं पर रिचार्ज कराने का दबाव बना रहा है।
जबकि बिल टाइम टू टाइम जमा कर रहे लोगों का सवाल है कि माइनस में बिल गये तो गये कैसे जबकि बिल समय पर जमा कर रहे हैं और अब रिचार्ज न कराने पर बिजली कनेक्शन काटने की चेतावनी दी जा रही है, अपनी नाकामी का ठीकरा उपभोक्ताओं पर फोड़ा जा रहा है जिससे जनता में भय का माहौल है इस समस्या को लेकर सैकड़ों की संख्या में पीड़ित उपभोक्ता सादाबाद विधायक प्रदीप चौधरी उर्फ गुड्डू भैय्या के पास पहुँचे।
उन्होंने विद्युत विभाग के रवैये के खिलाफ नाराजगी व्यक्त की और बताया कि विभागीय अधिकारियों से कई बार शिकायत के बावजूद कोई समाधान नहीं हुआ है। मामले की गंभीरता को देखते हुए विधायक प्रदीप चौधरी ने विद्युत विभाग के अधिकारियों को तलब किया और कड़ी फटकार लगाई।
उन्होंने स्पष्ट कहा कि तकनीकी खामियों की सज़ा आम जनता को नहीं दी जा सकती। विधायक ने निर्देश दिए कि माइनस बिल की समस्या का तत्काल समाधान किया जाए और जब तक स्थिति पूरी तरह स्पष्ट न हो जाए, तब तक किसी भी उपभोक्ता का बिजली कनेक्शन न काटा जाए।
विधायक ने यह भी कहा कि स्मार्ट मीटर से प्री-पेड में परिवर्तन के नाम पर जनता को परेशान करना बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। यदि विभाग की गलती से बिल माइनस आ रहे हैं तो इसकी ज़िम्मेदारी विभाग की होगी।
उन्होंने इस मुद्दे को आगामी 9 फरवरी से शुरू होने वाले विधानसभा सत्र में उठाने की घोषणा की। विधायक की सख़्ती के बाद विभागीय अधिकारियों ने जल्द समाधान का आश्वासन दिया है। इस दौरान रनवीर सिंह श्यामवीर सिंह रामवीर सिंह समेत सैकड़ों लोग उपस्थित थे







