मुरसान।हाथरस जिले के कंचना गांव स्थित ऐतिहासिक कंचना सरोवर अब पर्यटन और महिला सशक्तिकरण का नया केंद्र बनने जा रहा है। करीब सवा करोड़ रुपये की लागत से सरोवर का कायाकल्प किया गया है। प्रशासन का दावा है कि यह परियोजना न केवल क्षेत्र की सुंदरता बढ़ाएगी बल्कि स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं को रोजगार और आय के नए अवसर भी प्रदान करेगी।
उत्तर प्रदेश पर्यटन विकास कार्यक्रम के तहत कंचना गांव के कंचना सरोवर के सुंदरीकरण का कार्य लगभग पूरा हो चुका है। करीब 1 करोड़ 25 लाख रुपये की लागत वाली इस परियोजना को पूर्ण करने के लिए प्रशासन ने 19 लाख रुपये का अतिरिक्त क्रिटिकल गैप फंड भी उपलब्ध कराया।
सरोवर के दोनों ओर पानी की आवक के लिए आधुनिक इनलेट बनाए गए हैं। आगामी बरसात के बाद सरोवर में जलभराव होने पर यहां बड़े स्तर पर कमल के पौधे लगाए जाएंगे, जिससे सरोवर की सुंदरता और आकर्षण में वृद्धि होगी।
इस परियोजना की खास बात यह है कि इसे महिला स्वावलंबन से जोड़ा गया है। कृषि विज्ञान केंद्र रति का नगला की हाईटेक नर्सरी में रहीम स्वयं सहायता समूह की महिलाएं कमल के पौधे तैयार कर रही हैं। अब तक करीब दो हजार पौधे तैयार किए जा चुके हैं, जबकि पांच हजार अतिरिक्त पौधे तैयार करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
कमल की खेती और सरोवर के रखरखाव की जिम्मेदारी स्वयं सहायता समूह की महिलाओं को सौंपी जाएगी। इससे उन्हें नियमित आय का स्रोत मिलेगा और वे आर्थिक रूप से और अधिक सशक्त बन सकेंगी।







