सिकंदराराऊ के रचित हॉस्पिटल एंड अल्ट्रासाउंड सेंटर से एक राहत भरी खबर सामने आई है, जहां गंभीर हालत में पहुंची गर्भवती महिला की सुरक्षित डिलीवरी कर मां और नवजात दोनों की जान बचा ली गई।
ईदगाह रोड स्थित रचित हॉस्पिटल में शंकरपुर निवासी सुशीला देवी को अत्यंत गंभीर अवस्था में भर्ती कराया गया था। अस्पताल की स्त्री एवं प्रसूति रोग विशेषज्ञ डॉ. महजवी ने बताया कि मरीज का हीमोग्लोबिन मात्र 4 ग्राम था, जिससे प्रसव के दौरान जोखिम काफी बढ़ गया था।
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए मेडिकल टीम ने बिना समय गंवाए इलाज शुरू किया और लगातार चिकित्सकीय निगरानी में सुरक्षित प्रसव कराया। डॉक्टरों की तत्परता और कुशल उपचार के चलते मां और नवजात दोनों पूरी तरह सुरक्षित हैं तथा उनकी हालत में लगातार सुधार हो रहा है।
मरीज सुशीला देवी ने बताया कि अस्पताल पहुंचने से पहले उन्हें अपनी जान बचने की उम्मीद नहीं थी, लेकिन समय पर मिले इलाज ने उन्हें नया जीवन दिया। उन्होंने डॉ. महजवी और पूरी मेडिकल टीम का हृदय से आभार व्यक्त किया।
वहीं परिजनों ने भी अस्पताल के डॉक्टरों और स्टाफ की सराहना करते हुए कहा कि उनकी बेहतर चिकित्सा व्यवस्था, अनुभव और त्वरित निर्णय के कारण ही मां और नवजात दोनों सुरक्षित हैं। गंभीर परिस्थितियों में भी टीम ने धैर्य और जिम्मेदारी के साथ इलाज कर एक बार फिर मानव सेवा का उदाहरण प्रस्तुत किया।










