हाथरस।शिक्षा का अधिकार अधिनियम लागू होने से पूर्व नियुक्त शिक्षकों को टीईटी की अनिवार्यता से छूट दिए जाने की मांग को लेकर गुरुवार को Teachers Federation of India के बैनर तले विरोध प्रदर्शन करते हुए प्रधानमंत्री के नाम सम्बोधित ज्ञापन जिला कलेक्ट्रेट में सौंपा गया।
ज्ञापन के माध्यम से संगठन ने पूर्व में नियुक्त शिक्षकों के हितों की रक्षा की मांग उठाई है, संगठन के पदाधिकारियों का कहना है कि उत्तर प्रदेश में वर्ष 2009 में शिक्षा का अधिकार अधिनियम लागू होने के बाद नियुक्त शिक्षकों के लिए टीईटी उत्तीर्ण करना अनिवार्य किया गया, जबकि अधिनियम लागू होने से पहले कार्यरत शिक्षकों पर भी यह शर्त लागू कर दी गई है। इससे बड़ी संख्या में शिक्षक प्रभावित हो रहे हैं।
ज्ञापन में उल्लेख किया गया है कि पूर्व नियुक्त शिक्षकों को टीईटी की अनिवार्यता से मुक्त रखा जाए, जिससे उनके रोजगार और सेवा सुरक्षा पर संकट न आए।
बताया गया कि 26 फरवरी 2026 को शिक्षकों ने जिला स्तर पर एकत्र होकर यह ज्ञापन प्रेषित किया। संगठन ने चेतावनी दी है कि यदि मांगों पर विचार नहीं किया गया तो आगे आंदोलन तेज किया जाएगा।







